ENGLISH HINDI Thursday, September 24, 2020
Follow us on
 
हरियाणा

पार्कों और समुदाय केंद्रों के रखरखाव अधिकार को लेकर प्रतिनिधि मंडल कमिश्नर से मिले

January 14, 2020 08:01 PM

गुरूग्राम, फेस2न्यूज:
पार्कों और समुदाय केंद्रों के रखरखाव के अधिकार जो वर्तमान में आरडब्ल्यूए के पास हैं उसको निगम पार्षदों द्वारा वापस लिए जाने की कवायद के बाद आज रमन मलिक की अगुवाई के अंतर्गत विभिन्न आरडब्ल्यूए के प्रतिनिधि निगम कमिश्नर से मिले।
बता दें कि 12 तारीख को साउथ सिटी 2 स्थित रमन मलिक के निवास पर 60 से ज्यादा आरडब्लूए एकत्रित हुई थी और उन्होंने यह मांग रखी थी कि इस प्रकार से पार्क और सामुदायिक केंद्रों को हथियाने की कवायत जो निगम पार्षद कर रहे हैं वह उसके विरोध में हैं और उन्हें उस समय मलिक ने पूरा आश्वासन दिया था कि वह उनके अधिकारों के लिए हर संभव कोशिश करेंगे और लड़ाई करेंगेl
आज निगम कमिश्नर से हुई भेंट में निगम कमिश्नर को उन्होंने पूरी पूरी स्थिति से अवगत कराया और उनके संज्ञान में इस विषय की गंभीरता को भी रखाl
ज्ञात रहे कि पार्षदों ने यही प्रयास पिछले निगम आयुक्त श्री यशपाल यादव के कार्यकाल में भी किया था जिसे निगम आयुक्त ने मलिक के साथ बातचीत के बाद, इस विषय पर अरडब्लूए को भरोसा दिया कि वो उनके साथ हैं और वो चाहेंगे कि अरडब्लूए को और शशक्त किया जाए ।
आज निगम कमिश्नर श्री विनायप्रताप ने स्पष्ट रूप से बोला कि ऐसा कोई प्रस्ताव उनके संज्ञान में अभी तक नहीं आया है और वह इस विषय का पूर्णता से अध्ययन करके जवाब देंगे साथ में उन्होंने यह भी बोला की जो आरडब्लूए अच्छा काम कर रही हैं और उनके खिलाफ कोई कंप्लेंट नहीं है तो फिर उन्हें यह उचित नहीं लगता कि पार्कों और सामुदायिक केंद्रों का रखरखाव उनसे वापस लिया जाए।
उन्होंने आगे यह भी कहा कि वह विषय की गंभीरता को समझ रहे हैं और वह मानते हैं की निगम और नागरिकों के बीच में भागीदारी बनी रहनी चाहिए।
वहां बैठी आरडब्ल्यू ने उनको अवगत कराते हुए बताया कि पार्क और समुदाय केंद्रों की पेमेंट कई महीने से पेंडिंग है और रखरखाव में कई बारी वह अपने जेब से भी पैसे लगाते हैं और कहीं ना कहीं अगर निगम अपने आप इनका रखरखाव करता है तो वह निगम के लिए एक वित्तीय बोझ भी साबित होगा क्योंकि वर्तमान में सिर्फ ₹3 प्रति वर्ग मीटर पार्कों के रखरखाव के लिए धनराशि की अदायगी कई जाती हैl लेकिन अगर यही चीज निगम अपने आप करें तो फिर निगम को या तो इन सभी पार्को के रखरखाव के लिए और लोगों को नौकरी पर रखना पड़ेगा और नहीं तो ठेकेदारों को लेना पड़ेगा और ठेकेदारों को लेते ही भ्रष्टाचार होना लगभग तय है जिसके ऊपर अंकुश लगाना फिर मुश्किल हो जाएगाl

 
कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
 
और हरियाणा ख़बरें
हरियाणा: पुलिस ने 3 बच्चों सहित चार लापता को परिवार से मिलवाया 25 आईपीएस और 9 एचपीएस अधिकारियों के स्थानांतरण सरकारी मंडियां बंद नहीं होंगी, प्रत्येक जिले में होगी विशेष ‘कृषि अदालत’ की स्थापना: मुख्यमंत्री होम आइसोलेशन दौरान चिकित्सा विभाग की टीमें नियमित करेंगी जांच बीएसएनएल का बेड़ा गर्क कर रहे अधिकारी, महीनों से सैकड़ों फोन-इंटरनेट बंद निजी सुरक्षा एजेंसियों की लाइसेंस वैधता को 31 दिसंबर तक बढ़ाया कठिन हालातों में भी हार न मानने का संदेश देती सुराही : चौटाला एक आईएएस अधिकारी और पांच एचसीएस अधिकारियों कोअतिरिक्त कार्यभार अवैध रूप से यमुना से रेत ले जाते चार डम्परों को पकड़ा कार से 90 किलोग्राम गांजा बरामद, दो व्यक्ति गिरफ्तार