ENGLISH HINDI Monday, June 01, 2020
Follow us on
 
राष्ट्रीय

देश में लॉकडाउन—4 बढ़ा 31 मई तक

May 18, 2020 12:12 PM

नई दिल्ली, फेस2न्यूज:
केंद्र सरकार ने चौथे चरण में लॉकडाउन को विस्तार देते हुए 31 मई तक कर दिया है। इसकी समय सीमा 18 से 31 तक की है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इसके लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
इस चौथे चरण में लॉकडाउन में भी सभी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रा पर प्रतिबंध रहेगा। मेट्रो रेल सेवाओं पर प्रतिबंध जारी रहेगा। जबकि घरेलू स्वास्थ्य सेवाएं, घरेलू एयर एंबुलेंस और और गृह मंत्रालय से अनुमति प्राप्त सुरक्षा कारणों से हवाई सेवा का इस्तेमाल किया जाएगा। 
स्कूल, कॉलेज, शिक्षण/प्रशिक्षण/कोचिंग संस्थान आदि बंद रहेंगे। ऑनलाइन और दूरस्थ शिक्षा को अनुमति रहेगी और इन्हें बढ़ावा भी दिया जाएगा। 
होटल, रेस्टोरेंट और अन्य आतिथ्य सेवाएं बंद रहेंगी। उनको अनुमति होगी जिनका इस्तेमाल स्वास्थ्य, पुलिस, सरकारी अधिकारियों, स्वास्थ्य कर्मियों, दूसरे स्थानों पर फंसे लोगों और क्वारंटीन केंद्रों के तौर पर किया जा रहा है। रेस्टोरेंट को भोजन की होम डिलिवरी करने की अनुमति रहेगी। 
सभी सिनेमा हॉल, शॉपिंग मॉल, जिम्नेजियम, स्विमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थिएटर, बार, ऑडिटोरियम, सभागार और ऐसे सभी स्थान बंद रहेंगे।
स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और स्टेडिम को खुलने की अनुमति रहेगी लेकिन दर्शकों को जाने की अनुमति नहीं होगी। 
सभी सामाजिक, राजनीतिक, खेल संबंधी, मनोरंजन, शैक्षिक, सांस्कृतिक, धार्मित और अन्य भीड़ जमा करने वाले कार्यक्रमों पर रोक जारी रहेगी। 
सभी धार्मिक स्थान जनता के लिए बंद रहेंगे। धार्मिक बैठकों पर सख्त प्रतिबंध रहेगा।

इन की रहेगी अनुमति:
अंतरराज्यीय यात्रा के लिए वाहनों और बसों को अनुमति दी जाएगी। इसके लिए संबंधित राज्यों या केंद्रशासित प्रदेश की अनुमति जरूरी होगी। 
राज्य के अंदर परिवहन के लिए वाहनों और बसों के संचालन का निर्णय राज्य व केंद्र शासित प्रदेश स्वयं करेंगे। आवागमन के लिए मानक संचालन प्रक्रियाएं का पालन करना अनिवार्य होगा। 

ग्रीन, ऑरेंज और रेड जोन को लेकर निर्देश:
ग्रीन, ऑरेंज और रेड जोन का निर्धारण राज्य और केंद्रशासित प्रदेश करेंगे। इसके लिए उन्हें केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा बताए गए मानकों का पालन करना होगा।
रेड और औरेंज जोन में कंटेनमेंट और बफर जोन का निर्धारण जिला प्राधिकरण द्वारा दिशानिर्देशों के मुताबिक किया जाएगा।
कंटेनमेंट जोन में केवल आवश्यक गतिविधियों को इजाजत होगी। इन जोन से अंदर या बाहर लोगों का आवागमन न हो इस पर सख्त नजर रखी जाएगी।
चिकित्सा आपातकाल और आवश्यक सेवाओं तथा वस्तुओं की सप्लाई की स्थिति में ही लोगों को बाहर निकलने की अनुमति होगी। 
कंटेनमेंट जोन में बड़े स्तर पर कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग की जाएगी। घर-घर पर नजर रखी जाएगी और आवश्यकता अनुसार स्वास्थ्य सेवाओं का इस्तेमाल किया जाएगा।
गौरतलब है कि देश में लॉकडाउन 25 मार्च को शुरू हुआ था। इसके चलते आम जनजीवन के साथ-साथ तमाम आर्थिक गतिविधियों की रफ्तार भी थम गई थी।

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
 
और राष्ट्रीय ख़बरें
आखिर क्यों नहीं पीएमओ पीएम केयर फंड आरटीआई के दायरे में ? कितनी गहरी हैं सनातन संस्कृति की जड़ें कोरोना से युद्ध में रणनीति और वैज्ञानिक दृष्टिकोण का अभाव सीआईपीईटी केंद्रों ने कोरोना से निपटने के लिए सुरक्षात्मक उपकरण के रूप में फेस शील्ड विकसित किया एन.एस.यू.आई. ने छात्रों को एक-बार छूट देकर उत्तीर्ण करने का किया आग्रह एम्स ऋषिकेश में कोविड पॉजिटिव चार अन्य मामले सामने आए एम्स ऋषिकेश में कोविड पॉजिटिव के पांच नए मामले सामने आए उत्तराखंड में कोरोना संक्रमित लोगों का आंकड़ा 317 पहुंचा, सभी 13 जिले ऑरेंज जोन में चक्रवाती तूफान ‘अम्फान’ के बाद बंगाल में एनडीआरएफ की 10 अतिरिक्त टीमें तैनात की गई "जैव विविधता भारतीय संस्कृति का अनिवार्य हिस्सा है": शेखावत