Wednesday, 19 August 2026
Breaking News
ऐ मेरे प्यारे वतन... आउटसोर्स कर्मचारियों की जॉब सिक्योर पॉलिसी पर स्वास्थ्य मंत्रालय का चण्डीगढ़ प्रशासन को पत्र आयुर्वेद के पुनर्जागरण से नई पीढ़ी जुड़े: गुलाब चंद कटारिया जीएमसीएच-32 का चंडीगढ़ मॉडल बुजुर्गों में डिजिटल स्वास्थ्य साक्षरता को  दे रहा है बढ़ावा “विरसा पंजाब दा” तीज समारोह में सना बनी तीज क्वीन, माही और शिल्पा ने भी जीते खिताब स्वतंत्रता दिवस पर एरोफ्लाई इंटरनेशनल एविएशन अकादमी में रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन मेगा एस्ट्रो इवेंट में लोगों ने जाना अपना भविष्य लोक संपर्क में उत्कृष्ट योगदान के लिए सचिन सिंगला सम्मानित गिरफ्तारी को लेकर क्या हैं आपके अधिकार? श्रद्धांजलि : यादों में ज़िंदा एक प्रोफेसर
पंजाब Trending

ड्रग इंस्पेक्टर व अस्पताल कर्मचारी 30,000 रुपए रिश्वत लेते किया काबू

Read in:Hindi

(MOREPIC1) पठानकोट, फेस2न्यूज:

पंजाब विजीलैंस ब्यूरो ने आज सिविल अस्पताल पठानकोट के दर्जा-4 कर्मचारी राकेश कुमार को 30000 रुपए रिश्वत लेते हुये रंगे हाथों काबू किया गया है। इस मामले में ड्रग इंस्पेक्टर, पठानकोट बबलीन कौर को भी गिरफ़्तार किया गया है।

विजीलैंस ब्यूरो प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी राकेश कुमार को पठानकोट-निवासी व्यक्ति की शिकायत पर गिरफ़्तार किया गया है, जिसने विजीलैंस ब्यूरो के पास पहुँच करके बताया था कि उसने मामुन में मेडिकल स्टोर खोलने के लिए लायसेंस लेने के लिए ऑनलाइन अप्लाई किया था।

शिकायतकर्ता को बाद में ड्रग इंस्पेक्टर बबलीन कौर ने फ़ोन करके इस सम्बन्धी सिविल अस्पताल पठानकोट में दर्जा 4 कर्मचारी राकेश कुमार, जो पहले उसके साथ तैनात था, के साथ संपर्क करने के लिए कहा।

शिकायतकर्ता 28 जून को सिविल अस्पताल पठानकोट में राकेश कुमार को मिला, जिसने बबलीन कौर से उसका काम करवाने के बदले एक लाख रुपए रिश्वत की माँग की, जिसको बाद में घटा कर 90000 रुपए कर दिया गया।
प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता 28 जून को रिश्वत की पहली किश्त के तौर पर 30000 रुपए देने के लिए सहमत हो गया।

विजीलैंस ब्यूरो की टीम ने मुलज़िम राकेश कुमार को दो सरकारी गवाहों की हाज़िरी में 30000 रुपए की रिश्वत लेते हुये रंगे हाथों काबू कर लिया। बाद में इस केस में शामिल होने के कारण ड्रग इंस्पेक्टर, पठानकोट बबलीन कौर को भी गिरफ़्तार किया गया।
ज़िक्रयोग्य है कि विजीलैंस ब्यूरो की तरफ से हाल ही में भ्रष्टाचार के दोषों के अंतर्गत कई सरकारी अधिकारियों/कर्मचारियों और अन्यों की गिरफ़्तारियाँ की गई हैं।
उन्होंने बताया कि इस सम्बन्धी थाना विजीलैंस रेंज अमृतसर में भ्रष्टाचार रोकथाम एक्ट की धारा 7 के अंतर्गत एफ. आई. आर. नम्बर 08 28 जून को दर्ज कर ली गई है और इस सम्बन्धी आगे कार्यवाही जारी है।