फेस2न्यूज/चण्डीगढ़
रोज़ फेस्टिवल में इस बार 10 रुपये के नोटों की भी जबरदस्त मांग देखने को मिल रही है। स्टेट बैंक आफ इंडिया द्वारा लगाए गए स्टॉल पर लोगों की लंबी कतारें लगी हुई हैं, जहां 500 रुपये के बदले 10-10 रुपये के 50 नए नोट दिए जा रहे हैं। बैंक की ओर से यह सुविधा आधार कार्ड दिखाने पर उपलब्ध कराई जा रही है। एक व्यक्ति को अधिकतम 500 रुपये तक के छोटे नोट दिए जा रहे हैं।
शादी-ब्याह के सीजन में छोटे नोटों की भारी किल्लत है, इसलिए लोग दूर-दूर से यहां पहुंच रहे हैं। मोहाली, खरड़ और पंचकूला से भी बड़ी संख्या में लोग 10 रुपये के नए नोट लेने के लिए रोज फेस्टिवल पहुंच रहे हैं। स्थिति यह है कि नोटों को लेकर कई जगहों पर बहस और धक्का-मुक्की भी हो रही है। फरवरी महीने में शादियों की भरमार के चलते छोटे नोटों की मांग काफी बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि बाजार और बैंकों में 10 रुपये के नोट आसानी से उपलब्ध नहीं हो रहे, ऐसे में रोज फेस्टिवल के स्टॉल उनके लिए राहत साबित हो रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के चण्डीगढ़ स्थित क्षेत्रीय व्यावसायिक कार्यालय ने रोज़ फेस्टिवल में एक बड़ा जनसंपर्क अभियान शुरू किया हुआ है, जो 23 फरवरी तक चलेगा। इस शिविर में सभी लोग अपने पुराने नोट और सिक्के बदल सकते हैं। इसके साथ ही, यहाँ लोगों को बैंकिंग से जोड़ने और ऑनलाइन फ्रॉड (धोखाधड़ी) से बचने के बारे में भी सिखाया जा रहा है। इसका शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों तक सीधे बैंकिंग सेवाएं और सही जानकारी पहुंचाना है।
इस कैंप का उद्घाटन भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) चंडीगढ़ के क्षेत्रीय निदेशक विवेक श्रीवास्तव ने किया था। इस मौके पर एसबीआई के कई बड़े अधिकारी भी मौजूद रहे, जिनमें विमल किशोर (जनरल मैनेजर), परवीन कुमार (डिप्टी जनरल मैनेजर) और सुभाषिनी राय (क्षेत्रीय प्रबंधक) शामिल रहे।
रोज़ फेस्टिवल में अधिक भीड़ होने के कारण यहाँ शिविर लगने से अधिकतर लोग इसका फायदा उठा पा रहे हैं। पहले ही दिन कैंप में भारी भीड़ देखने को मिली, जिससे पता चलता है कि लोगों को ऐसी बैंकिंग सेवाओं तथा सुविधाओं की बहुत आवश्यकता है।
सिर्फ पहले दिन ही 500 से अधिक लोगों ने बैंक की नोट और सिक्के बदलने की सुविधा का फायदा उठाया। इसके अलावा, शिविर में बैंकिंग सुरक्षा, वित्तीय समावेशन तथा डिजिटल करेंसी पर भी लोगों को जागरूक किया गया। लोगों को नए तरह के ऑनलाइन फ्रॉड (ठगी) से बचने की जानकारी दी गई, जिसे लोगों ने काफी पसंद किया। लोगों ने जाना कि वे इंटरनेट पर होने वाली ठगी से अपनी मेहनत की कमाई को कैसे बचा सकते हैं।
यह शिविर दिखाता है कि बैंक सभी लोगों को बैंकिंग सुविधाओं से जोड़ने और सुरक्षित ऑनलाइन लेनदेन सिखाने के लिए लगातार प्रयत्नशील है। उपस्थित लोगों ने बैंक के इस प्रयास की सराहना की तथा और बैंको को भी इस मुहिम में शामिल होने का आग्रह किया।