फेस2न्यूज / चण्डीगढ़
शहर के वरिष्ठ अधिवक्ता और हाईकोर्ट बार से जुड़े एडवोकेट अजय शर्मा ने अन्य वकीलों के साथ मिलकर नेटफ्लिक्स इंडिया और फिल्म निर्माता नीरज पांडे के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। यह शिकायत आगामी फिल्म के कथित शीर्षक “घूसखोर पंडित” को लेकर चंडीगढ़ पुलिस के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को सौंपी गई है।
शिकायत में कहा गया है कि “पंडित” शब्द हिंदू समाज में पुजारियों और विद्वानों के लिए सम्मान और धार्मिक महत्व रखता है। इसके साथ आपत्तिजनक शब्द जोड़ना पूरे पंडित समुदाय को अपमानित करने और धार्मिक भावनाओं को आहत करने का प्रयास है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि यह शीर्षक जानबूझकर चुना गया है, जिससे समाज में घृणा और वैमनस्य फैल सकता है।
एडवोकेट अजय शर्मा ने दावा किया कि यह मामला भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023 की धारा 196 (धार्मिक समूहों के बीच शत्रुता को बढ़ावा देना) और धारा 299 (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य) के अंतर्गत आता है।
शिकायत का समर्थन कर रहे अधिवक्ताओं—रामन बी गर्ग, गीतांजलि छाबड़ा, वरुण बांथ, मयंक और मुस्कान—ने कहा कि यह केवल रचनात्मक अभिव्यक्ति का मामला नहीं, बल्कि एक विशेष धार्मिक समुदाय की गरिमा पर सीधा हमला है। अधिवक्ताओं ने मांग की है कि नेटफ्लिक्स इंडिया के जिम्मेदार अधिकारियों और फिल्म निर्माता के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए। साथ ही फिल्म के शीर्षक, प्रचार सामग्री, रिलीज और इससे जुड़े सभी कंटेंट पर न्यायिक आदेश तक पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
शिकायत में सार्वजनिक माफी और कथित अपमानजनक सामग्री की जब्ती की भी मांग की गई है। एडवोकेट अजय शर्मा ने कहा कि सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए तत्काल पुलिस कार्रवाई आवश्यक है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 48 घंटों के भीतर कोई कार्रवाई नहीं होती है, तो मामला उच्च अधिकारियों और न्यायालय में ले जाया जाएगा।