Sunday, 13 September 2026
Breaking News
चंडीगढ़  ग्रेन मार्केट, सेक्टर-26 में पेड पार्किंग टेंडर को अंतिम रूप देने पर हाईकोर्ट की रोक जीसीसीबीए-50 में सार्वभौमिक मानवीय मूल्य: व्यावसायिक नैतिकता की ओर एक यात्रा" कार्यशाला का समापन सत्र आयोजित भारत-पाक सरहद पर भारतीय मुसलमानों की देश भक्ति देख पाकिस्तानी हैरान नशा तस्करों की कमाई अब जनता की होगीः मुख्यमंत्री चण्डीगढ़ बिजनेस काउंसिल ने न्यूनतम वेतन में बढ़ोतरी का स्वागत किया तीन दिन ठहाकों के… कलाग्राम में सजेगा कॉमेडी का रंगमंच सेंट्रल लाइब्रेरी में फिल्म "मुसर्रत" का विशेष शो 12 सितंबर को एंटी-स्ट्रेस सेमिनार ने जीसीसीबीए 50 के छात्रों को सिखाए तनाव दूर करने के आसान तरीके मुख्यमंत्री ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से की भेंट, अतिरिक्त वित्तीय सहायता का आग्रह मां मनसा देवी निष्काम सेवक संघ ने लगाया 12वां ब्लड डोनेशन कैम्प
राष्ट्रीय Trending

म्यांमार से छुड़ाए गए ठगी के शिकार 283 भारतीय नागरिक

Read in:Hindi

विनोद/चंडीगढ़

म्यांमार में फंसे उन 283 भारतीय नागरिकों को छुड़ाकर भारत वापस लाया गया है, जिन्हें आकर्षक नौकरियों का लालच देकर साइबर अपराध करने के लिए मजबूर किया गया था। म्यांमार में ऑनलाइन धोखाधड़ी सेंटर्स से रिहा किए गए भारतीयों को सोमवार को थाईलैंड होते हुए भारत लाया गया।

म्यांमार और थाईलैंड स्थित भारतीय दूतावास के अधिकारियों ने स्थानीय सुरक्षा बलों की मदद से इस निकासी में मदद की। भारतीय वायुसेना के विमान में थाईलैंड के माई सोत से वापस लाए गए लोग तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात, पंजाब, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों से हैं।

(SUBHEAD)विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘‘भारत सरकार म्यांमार सहित विभिन्न दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में फर्जी नौकरी की पेशकश के साथ बहकाए गए भारतीय नागरिकों की रिहाई और स्वदेश वापसी के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। इन व्यक्तियों को बाद में म्यांमार-थाईलैंड सीमा के साथ क्षेत्रों में संचालित घोटाला सेंटर्स में साइबर अपराध और अन्य धोखाधड़ी गतिविधियों में शामिल होने के लिए मजबूर किया गया।

’’मंत्रालय ने कहा, ‘‘भारत सरकार ऐसे रैकेट के बारे में समय-समय पर सलाह और सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से पहले भी प्रसारित की गई अपनी चेतावनी को दोहराना चाहती है। भारतीय नागरिकों को एक बार फिर सलाह दी जाती है कि वे विदेश में मिशनों के माध्यम से विदेशी नियोक्ताओं की साख को सत्यापित करें और नौकरी की पेशकश स्वीकार करने से पहले भर्ती एजेंटों और कंपनियों के पिछले रिकॉर्ड की जांच करें।

’’गौरतलब है कि विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावासों के सहयोग से पिछले तीन महीनों के दौरान म्यांमार सहित कई दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में आकर्षक नौकरी के लालच में जालसाजों के चंगुल में फंसे सैकड़ों भारतीयों की घर वापसी सुनिश्चित की गई है।